*दुर्ग निगम में खत्म हो 'स्थायी सीट' की संस्कृति,शासन के निर्देशों का हो कड़ाई से पालन – डॉ. प्रतीक उमरे*
*दुर्ग निगम में खत्म हो 'स्थायी सीट' की संस्कृति,शासन के निर्देशों का हो कड़ाई से पालन – डॉ. प्रतीक उमरे*
दुर्ग नगर निगम के पूर्व एल्डरमैन भाजपा नेता डॉ. प्रतीक उमरे ने छत्तीसगढ़ शासन द्वारा सरकारी कार्यालयों में तीन वर्ष से अधिक समय से एक ही कार्य-पटल पर कार्यरत अधिकारियों एवं कर्मचारियों का कार्यभार बदलने संबंधी जारी निर्देश का स्वागत करते हुए कहा कि इस व्यवस्था को दुर्ग नगर निगम में भी पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ तत्काल लागू किया जाना चाहिए। शासन का उद्देश्य प्रशासन में पारदर्शिता, जवाबदेही और कार्यकुशलता बढ़ाना तथा लंबे समय तक एक ही स्थान पर बने रहने से उत्पन्न होने वाली अनियमितताओं की संभावनाओं को समाप्त करना है। डॉ. प्रतीक उमरे ने कहा कि नगर निगम जैसे महत्वपूर्ण संस्थान में भवन अनुज्ञा,राजस्व,कर वसूली,लेखा, स्थापना,लोक निर्माण,जलप्रदाय,स्वच्छता,संपत्ति कर,जन्म-मृत्यु पंजीयन सहित अनेक शाखाओं में यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी वर्षों तक एक ही सीट पर बना रहता है तो कार्यप्रणाली पर सवाल उठना स्वाभाविक है। समय-समय पर कार्यभार परिवर्तन से प्रशासन अधिक पारदर्शी,उत्तरदायी और जनहितकारी बनता है।उन्होंने कहा कि शासन के निर्देशों का उद्देश्य किसी कर्मचारी को दंडित करना नहीं,बल्कि व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना है।इसलिए दुर्ग नगर निगम के सभी शाखाओं की समीक्षा कर यह सुनिश्चित करना चाहिए कि तीन वर्ष या उससे अधिक समय से एक ही कार्य-पटल पर कार्यरत अधिकारियों एवं कर्मचारियों का नियमानुसार कार्यभार बदला जाए।डॉ. प्रतीक उमरे ने कहा कि नगर निगम नागरिकों से सीधे जुड़ा हुआ विभाग है।ऐसे में पारदर्शिता और निष्पक्ष प्रशासन से जनता का विश्वास और मजबूत होगा।कार्यभार परिवर्तन की प्रक्रिया निष्पक्ष,समयबद्ध और बिना किसी भेदभाव के लागू की जानी चाहिए,ताकि ईमानदारी से कार्य करने वाले कर्मचारियों का मनोबल भी बढ़े और प्रशासनिक व्यवस्था अधिक जवाबदेह बने।डॉ. प्रतीक उमरे ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय तथा सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा प्रशासनिक सुधारों की दिशा में उठाए जा रहे कदमों की सराहना करते हुए अपेक्षा व्यक्त की कि दुर्ग नगर निगम सहित दुर्ग जिले के सभी स्थानीय निकायों में भी इन निर्देशों का प्रभावी पालन सुनिश्चित किया जाएगा,जिससे सुशासन,पारदर्शिता और जनविश्वास को और मजबूती मिले।