सौहार्दपूर्ण वातावरण में प्रभार कार्य हुआ संपन्न
कन्नौजे रजक समाज सेवा समिति जिला व संभाग बिलासपुर की प्रथम बैठक संत गाडगे सामुदायिक भवन जरहाभाटा बिलासपुर में आयोजित किया गया ।बैठक की अध्यक्षता नवनिर्वाचित अध्यक्ष श्री लक्ष्मीकांत निरनेजक जी ने किया ।बैठक का शुभारंभ संत शिरोमणि गाडगे महाराज जी की पूजा अर्चना से विधिवत प्रारंभ हुआ ।बैठक में उपस्थित समस्त सामाजिक पदाधिकारियो का पुष्प हार से आत्मीय अभिनंदन किया गया। स्वागत उद्बोधन में अध्यक्ष महोदय जी ने कहा कि आपसी मतभेद को भूल कर ,समाज हित में सबके मार्गदर्शन एवं सहयोग से सबकोसाथ लेकर, समाज को एक सूत्र में बांधकर कार्य करेंगे। उद्बोधन की कड़ी में पूर्व संभागीय अध्यक्ष श्री रामेश्वर निर्मलकर जी ने नवनिर्वाचित पदाधिकारी को शुभकामनाएं प्रेषित करते हुए अपने कार्यकाल के दौरान जाने अनजाने में हुई गलतियों के बारे में क्षमा याचना करते हुए महानता का परिचय देते हुए भविष्य में समाज विकास में अपना योगदान समाज को देते रहने की बात कही। इसी कड़ी में पूर्व संभागीय
महासचिव श्री गंगेय लाल निर्मलकर जीने सभा को संबोधित करते हुए अपने कार्यकाल का संपूर्ण लेखा-जोखा उपस्थित समाज के बीच प्रस्तुत किया ।भूतपूर्व महासचिव श्री वल्लभ रजक जी ने कहा कि सामाजिक नियमावली का परिक्षेत्र ,जिला,व संभाग द्वारा अक्षर सः पालन करने मे ही समाज में संतुलित विकास संभव है। पूर्व संभागीय अध्यक्ष श्री रामेश्वर निर्मलकर जी ने अपने कार्यकाल में समाज को प्राप्त अनुदान के अतिरिक्त अपने स्वयं के द्वारा लगभग 42000 रुपए समाज हित में खर्च किए थे, जिन्हें नहीं लेने का भी निर्णय लिया यह उनके समाज हित में महानता का परिचय है। समाज द्वारा चंदा से पंजीयन के लिए जमा कुल राशि 65000 रुपए चेक के माध्यम से वर्तमान कमेटी को दिया गया। इसी बीच संभागीय महासचिव श्री सखाराम निर्मलकर ने स्वर्णिम प्रभात सेवा संस्थान द्वारा आयोजित सामूहिक विवाह सम्मेलन हेतु सहयोग राशि के लिए उपस्थित समाज को आमंत्रित करते हुए सहयोग हेतु आह्वान किया गया जिस पर कुछ दानदाताओं द्वारा सहयोग राशि सेवा संस्थान को प्रदान किया गया। स्वल्पाहार के पश्चात पूर्व जिला अध्यक्ष श्री अमृतलाल निर्मल कर की
स्वर्गीय धर्मपत्नी कौ शोक श्रद्धांजलि अर्पित कर सभा का समापन किया गया। इस तरह प्रभार का कार्यक्रम बड़े ही सौहार्दपूर्ण शांति मय वातावरण मैं संपन्न हुआ।
बैठक में सर्वश्री डीआर कर्ष जी, ज्ञान सिंह निर्मलकर जी, मनहरण निर्मलकर जी ,हरि शंकर उजागर जी ,प्रहलाद निर्मलकर जी, ईश्वरी कर्ष ,जी मुन्ना निर्मलकर जी, रूसो निर्मलकर जी ,श्रवण निर्मलकर जी ,मनोज निर्मलकर जी , रामेश्वर निर्मलकर जी,गंगेय लाल निर्मलकर जी, लोकनारायण निर्मलकर जी, राजाराम सि हानी जी, पित्रेश उजागर जी ,बहोरन कर्ष जी, सिदधराम कर्ष जी,रामनाथ निर्मल कर जी ,दयाराम निर्मलकर जी, रेवाराम निर्मलकर जी ,संतोष निर्मलकर जी ,रिखीराम रजक जी डॉ प्रदीप निर्नेजक जी ,परदीप निर्मलकर, जी मोहित रजक जी ,अमरनाथ निर्मलकर जी, परमेश्वर रजक जी ,पवन रजक जी राकेश रजक जी, बबला निर्मलकर जी ,गीता प्रसाद निर्मलकर जी, परसोत्तम निर्मलकर जी ,मोहन निर्मलकर जी ,नर्मदा प्रसाद रजक जी, कृष्ण कुमार उजागर जी, राजेंद्र निर्मलकर जी आदि समाज के प्रबुद्ध जन उपस्थित रहे।