*कृषि विज्ञान केंद्र अरौद में पीएम किसान सम्मान निधि की 22वीं किस्त जारी, जिला पंचायत अध्यक्ष तारणी चंद्राकर की उपस्थिति में किसान हुए लाभान्वित*
*कृषि विज्ञान केंद्र अरौद में पीएम किसान सम्मान निधि की 22वीं किस्त जारी, जिला पंचायत अध्यक्ष तारणी चंद्राकर की उपस्थिति में किसान हुए लाभान्वित*
*बालोद :-* जिले के कृषि विज्ञान केंद्र अरौद में पीएम किसान सम्मान निधि की 22वीं किस्त का भव्य हस्तांतरण कार्यक्रम संपन्न कृषि विज्ञान केंद्र अरौद बालोद में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत 22वीं किस्त जारी होने के उपलक्ष्य में एक दिवसीय भव्य जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर देश के करोड़ों किसानों के साथ-साथ बालोद जिले के लाभार्थियों के खातों में भी प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 22वीं किस्त वर्चुअली जारी की गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिला पंचायत बालोद की अध्यक्ष श्रीमती तारणी पुष्पेंद्र चंद्राकर उपस्थित रहीं।वहीं अन्य अतिथियों में तेजराम साहू सभापति जिला पंचायत बालोद, लक्ष्मी अशोक साहू सभापति जिला पंचायत बालोद, कांति सोनेश्वरी सभापति जिला पंचायत बालोद, भगवती उईके जनपद सदस्य, ओमप्रकाश भू आर्य सरपंच, आशीष चंद्राकर उपसंचालक कृषि विभाग, के आर साहू प्रमुख वैज्ञानिक कृषि विज्ञान केंद्र अरौद, दीपशिखा चंद्राकर कृषि विज्ञान केंद्र अरौद आदि विशेष रूप से शामिल हुए। अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस दौरान उपस्थित प्रगतिशील किसानों को विभाग के द्वारा योजनाओं की जानकारी दी गई। इस दौरान कार्यक को संबोधित करते हुए श्रीमती तारणी पुष्पेंद्र चंद्राकर अध्यक्ष जिला पंचायत बालोद ने कहा कि आज हमारे जिले के अन्नदाताओं के लिए बहुत खुशी का दिन है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की 22वीं किस्त सीधे आपके खातों में पहुंच रही है। यह आर्थिक सहायता के साथ-साथ देश के विकास में आपके पसीने और मेहनत का सम्मान है। हम हमेशा इस प्रयास में रहते हैं कि शासन की हर योजना का लाभ अंतिम छोर के किसान तक पहुंचे। मैं आप सभी से आग्रह करती हूं कि इस राशि का उपयोग खेती के उन्नत उपकरणों और उन्नत बीजों के लिए करें ताकि आपकी आय दोगुनी हो सके।तेजराम साहू सभापति, जिला पंचायत बालोद ने कहा कि खेती-किसानी हमारी अर्थव्यवस्था की रीढ़ है। बालोद जिले के किसान मेहनती हैं और आज
तकनीक के माध्यम से उन्हें सशक्त बनाया जा रहा है। कृषि विज्ञान केंद्र अरौद द्वारा दी जा रही तकनीकी जानकारी और सरकार की आर्थिक मदद, दोनों मिलकर हमारे ग्रामीण अंचल की तस्वीर बदलेंगे। आज किसान सम्मान निधि से किसान खुशहाल हो रहे हैं जो डबल इंजन की सरकार में संभव हो रहा है। कृषि विभाग के उपसंचालक आशीष चंद्राकर ने कहा कि विभाग का मुख्य लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी पात्र किसान ई-केवाईसी या तकनीकी कारणों से इस योजना से वंचित न रहे। 22वीं किस्त के जारी होने के साथ ही विभाग फिर से यह परीक्षण करेगा कि कोई पात्र हितग्राही योजना के लाभ से वंचित न हो। कार्यक्रम को अन्य अतिथियों ने भी संबोधित कर शासन की इस महत्वपूर्ण योजना की प्रशंसा की।