*महापौर का कड़ा रुख प्रशासनिक दृढ़ता का प्रतीक है, न कि किसी प्रकार की व्यक्तिगत आक्रामकता - डॉ. प्रतीक उमरे*
*महापौर का कड़ा रुख प्रशासनिक दृढ़ता का प्रतीक है, न कि किसी प्रकार की व्यक्तिगत आक्रामकता - डॉ. प्रतीक उमरे*
दुर्ग शहर में अतिक्रमण के खिलाफ चल रही कार्रवाई को लेकर सोशल मीडिया पर प्रसारित कुछ वीडियो एवं संदेशों के संदर्भ में दुर्ग नगर निगम के पूर्व एल्डरमैन भाजपा नेता डॉ. प्रतीक उमरे ने स्पष्ट किया है कि अधूरी और भ्रामक जानकारी के आधार पर जनप्रतिनिधियों के बयान को तोड़-मरोड़कर प्रस्तुत करना दुर्भाग्यपूर्ण है।डॉ. प्रतीक उमरे ने कहा कि महापौर अल्का बाघमार द्वारा हाल ही में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान दिए गए निर्देशों का पूरा संदर्भ समझना आवश्यक है।वीडियो के विस्तृत विश्लेषण से स्पष्ट होता है कि महापौर मौके पर उपस्थित होकर अधिकारियों को नियमों के अनुरूप कार्रवाई करने,नोटिस जारी करने तथा अतिक्रमण हटाने के निर्देश दे रही थीं।उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर वायरल किए जा रहे छोटे क्लिप में केवल आंशिक और उग्र हिस्से को दिखाकर ऐसा वातावरण बनाने का प्रयास किया जा रहा है मानो जनप्रतिनिधि अनुचित व्यवहार कर रहे हों,जबकि वास्तविकता यह है कि यह कार्रवाई शहर में वर्षों से चली आ रही अतिक्रमण की समस्या को नियंत्रित करने के उद्देश्य से की जा रही है।दुर्ग शहर के प्रमुख मार्गों,बाजार क्षेत्रों एवं सार्वजनिक स्थलों पर अतिक्रमण के कारण यातायात व्यवस्था लगातार बाधित हो रही है।संकरी होती सड़कों के कारण आम नागरिकों,व्यापारियों एवं आपातकालीन सेवाओं को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ता है।नगर निगम द्वारा समय-समय पर अभियान चलाए जाते हैं, परंतु स्थायी समाधान के लिए सख्ती और निरंतरता आवश्यक है।उन्होंने कहा कि महापौर का कड़ा रुख प्रशासनिक दृढ़ता का प्रतीक है,न कि किसी प्रकार की व्यक्तिगत आक्रामकता।यदि नियमों का पालन सुनिश्चित करना है,तो जिम्मेदार पदों पर बैठे लोगों को कभी-कभी सख्त निर्णय लेने पड़ते हैं।उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे भ्रामक वीडियो या अधूरी जानकारी के आधार पर निष्कर्ष न निकालें और शहर के विकास एवं सुचारू यातायात व्यवस्था के लिए निगम प्रशासन का सहयोग करें।
*कांग्रेस के आरोपों पर प्रतिक्रिया*
डॉ. प्रतीक उमरे ने कांग्रेस नेताओं द्वारा की जा रही आलोचना को पूरी तरह निराधार और राजनीतिक प्रेरित बताया।उन्होंने कहा कि कांग्रेस को अतिक्रमण जैसी गंभीर समस्या के समाधान में सहयोग करना चाहिए,न कि भ्रामक प्रचार कर जनता को गुमराह करना चाहिए।वर्षों तक सत्ता में रहने के बावजूद कांग्रेस इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं निकाल पाई, जिसके परिणाम आज शहर भुगत रहा है।आज जब सख्त कार्रवाई की जा रही है,तब राजनीतिक लाभ के लिए उसका विरोध करना दोहरे मापदंड को दर्शाता है।उन्होंने कांग्रेस से सवाल किया कि क्या वे दुर्ग शहर को अतिक्रमण मुक्त देखना नहीं चाहते? यदि हाँ, तो उन्हें इस अभियान में रचनात्मक सहयोग देना चाहिए,न कि अनावश्यक विवाद उत्पन्न करना चाहिए।