*श्री रायपुर सीमेंट संयंत्र खपराडीह में मांगों को लेकर मजदूरों का टूल-डाउन आंदोलन, यूनियन लीडर गिरफ्तार*
*श्री रायपुर सीमेंट संयंत्र खपराडीह में मांगों को लेकर मजदूरों का टूल-डाउन आंदोलन, यूनियन लीडर गिरफ्तार*
खरोरा। श्री रायपुर सीमेंट संयंत्र खपराडीह में लंबित मांगों को लागू न किए जाने से नाराज़ मजदूरों ने बुधवार को टूल-डाउन हड़ताल शुरू कर दी। मजदूरों का आरोप है कि कंपनी प्रबंधन ने एक माह के भीतर समझौते की शर्तों को पूरा करने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई।
मिली जानकारी के अनुसार, मजदूरों ने प्रदेश इंटर यूनियन के अध्यक्ष दिलीप कुमार वर्मा के नेतृत्व में शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें लागू करने की मांग उठाई। वहीं, प्रबंधन और प्रशासन पर मजदूरों को नजरअंदाज करने तथा आंदोलन को रोकने के आरोप लगे।
इस दौरान शांति भंग होने की आशंका जताते हुए पुलिस ने यूनियन अध्यक्ष दिलीप कुमार वर्मा को गिरफ्तार कर थाने ले आई। घटना की जानकारी मिलते ही पूर्व पाठ्यपुस्तक निगम अध्यक्ष एवं कांग्रेस नेता शैलेश नितिन त्रिवेदी, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष भुवनेश्वर वर्मा, किसान नेता राजू शर्मा, पूर्व जिला पंचायत सदस्य बसंत आदिल, यूनियन जिला संयोजक चीनू वर्मा सहित सैकड़ों मजदूर और समर्थक थाने पहुँच गए।
तहसीलदार किशोर कुमार वर्मा ने बताया कि यूनियन लीडर अन्य मजदूरों पर आंदोलन में शामिल होने का दबाव बना रहे थे। वहीं कांग्रेस नेता शैलेश नितिन त्रिवेदी ने कहा कि टूल-डाउन के लिए किसी अनुमति की जरूरत नहीं होती और औद्योगिक विवाद में पुलिस का हस्तक्षेप उचित नहीं है। उन्होंने मांग की कि यूनियन लीडर को तुरंत रिहा किया जाए, अन्यथा प्रबंधन के खिलाफ भी कार्रवाई की जाए।
यूनियन लीडर दिलीप वर्मा ने कहा कि प्रबंधन ने लिखित में एक महीने के भीतर समझौते को लागू करने का वादा किया था, लेकिन पूरा नहीं किया। आंदोलन हमारा अधिकार है और मजदूर अपनी एकता के साथ संघर्ष जारी रखेंगे।
यूनियन के प्रमुख सदस्यों में शामिल हैं—धेक राम यादव, दिलीप कुमार यदु, लोकनाथ साहू, रामा रजक, दीपक बघेल, दीपक वर्मा, पुरुषोत्तम वर्मा, वीर सिंह वर्मा, छन्नूलाल साहू, हेमू वर्मा, रूपेश कश्यप, योगेश पांडे, रूपेंद्र टंडन, नेतराम वर्मा, देवाशीष वर्मा, ओमप्रकाश वर्मा, जितेंद्र यादव, ज्ञान दास साहू, ईश्वर साहू एवं अन्य श्रमिक साथी।
सीमेंट संयंत्र का मुख्य द्वार “मज़दूर एकता ज़िंदाबाद” के नारों से गूंज उठा और मजदूर लगातार टूल-डाउन पर डटे हुए हैं।